पटना: बिहार में बाढ़ की स्थिति लगातार गंभीर होती जा रही है. राजधानी पटना में गंगा नदी के बढ़ते जलस्तर ने चिंता बढ़ा दी है. जल संसाधन विभाग की रिपोर्ट के मुताबिक, गांधीघाट पर गंगा का पानी महज चार घंटे में 10 सेंटीमीटर बढ़ गया. इसे देखते हुए प्रशासन को पूरी तरह सतर्क रहने के निर्देश दिए गए हैं.
गांधीघाट पर खतरे के निशान से ऊपर पहुंचा पानी
गांधीघाट पर गंगा का जलस्तर शनिवार सुबह 10 बजे 50.53 मीटर दर्ज किया गया. यह नदी के उच्चतम बाढ़ स्तर (HFL) 50.52 मीटर से करीब एक सेंटीमीटर ऊपर है. विभाग के अनुमान के अनुसार, रविवार सुबह 8 बजे तक जलस्तर बढ़कर 50.62 मीटर तक पहुंच सकता है.
जलस्तर बढ़ने का असर पटना के दियारा और नदी के आसपास के इलाकों में ज्यादा देखने को मिल सकता है. शहर के दूसरे घाटों पर भी गंगा के पानी में लगातार बढ़ोतरी दर्ज की जा रही है.
कई इलाकों में बढ़ रहा गंगा का जलस्तर
पटना के दीघा घाट पर गंगा का जलस्तर 51.77 मीटर दर्ज किया गया. वहीं हथीदह में 43.37 मीटर, मुंगेर में 39.58 मीटर, भागलपुर में 34.16 मीटर और कहलगांव में 32.31 मीटर जलस्तर रिकॉर्ड किया गया. इन आंकड़ों से नदी में बढ़ते दबाव का अंदाजा लगाया जा सकता है.
सभी डीएम और एसपी को किया गया अलर्ट
बाढ़ के संभावित खतरे को देखते हुए जल संसाधन विभाग ने राज्य के सभी जिलों के जिलाधिकारियों (डीएम) और पुलिस अधीक्षकों (एसपी) को सतर्क रहने का निर्देश दिया है. अधिकारियों को संवेदनशील इलाकों में लगातार निगरानी रखने और किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए तैयार रहने को कहा गया है.
दियारा क्षेत्रों पर विशेष नजर
प्रशासन को नदी के प्रवाह क्षेत्र और खासकर दियारा इलाकों में अतिरिक्त सावधानी बरतने की सलाह दी गई है. तटबंध के नदी वाले हिस्से में रहने वाले परिवारों को समय रहते जानकारी देने और जरूरत पड़ने पर सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने की तैयारी करने को कहा गया है. साथ ही बाढ़ से निपटने के लिए गठित जिला स्तरीय टीमों को लगातार गश्त करने के निर्देश दिए गए हैं.












