नई दिल्ली: कहते हैं कि सच्चा प्यार न देश की सीमाएं देखता है और न ही अमीरी-गरीबी का फर्क। बिहार के राहुल यादव और रूस की जूली की प्रेम कहानी इस बात की मिसाल बन रही है। काम के सिलसिले में रूस गए राहुल को वहां जूली से प्यार हो गया। अब जूली अपने परिवार के साथ बिहार पहुंच गई हैं। उनका मकसद राहुल के साथ रहना और अपने रिश्ते को शादी तक पहुंचाना है। इस प्रेम कहानी की चर्चा इसलिए भी हो रही है, क्योंकि राहुल के साधारण रहन-सहन के बारे में जानने के बाद भी जूली ने अपना फैसला नहीं बदला।
रूस में हुई मुलाकात, फिर प्यार में बदला रिश्ता
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, राहुल यादव बिहार के भागलपुर जिले के राजापुर गांव के रहने वाले हैं। वह काम करने के लिए रूस गए थे, जहां उनकी मुलाकात जूली से हुई। दोनों के बीच बातचीत बढ़ी और धीरे-धीरे यह दोस्ती प्यार में बदल गई।
कुछ समय बाद राहुल भारत लौट आए, लेकिन दूरी भी दोनों के रिश्ते को कमजोर नहीं कर सकी। राहुल के वापस आने के करीब छह महीने बाद जूली ने उनसे मिलने का फैसला किया। खास बात यह रही कि वह अपने परिवार को भी साथ लेकर बिहार पहुंचीं।
राहुल के साधारण घर से नहीं बदला जूली का मन
इस प्रेम कहानी का सबसे खास पहलू दोनों की अलग-अलग जीवनशैली है। रिपोर्ट के अनुसार, राहुल का परिवार गांव में फूस की छत वाले साधारण घर में रहता है। इसके बावजूद जूली ने उनके साथ जिंदगी बिताने की इच्छा जताई। जूली के इस फैसले से यह संकेत मिलता है कि उनके लिए रिश्ते की अहमियत सुविधाओं से ज्यादा है। उनके बिहार पहुंचने के बाद परिवार के बड़े-बुजुर्ग भी दोनों की शादी के लिए राजी बताए जा रहे हैं।
रिपोर्ट्स के मुताबिक, राहुल और जूली की शादी नवंबर 2026 में होने की उम्मीद है। हालांकि, शादी की निश्चित तारीख और तैयारियों को लेकर अभी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। रूस से बिहार तक पहुंची यह प्रेम कहानी लोगों का ध्यान खींच रही है। अब सभी की नजर इस बात पर है कि दोनों का रिश्ता कब शादी के बंधन में बंधता है।












