पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने सोमवार को जापान के उच्चस्तरीय प्रतिनिधिमंडल के साथ वर्चुअल बातचीत के दौरान राज्य और जापानी उद्योगों के बीच सहयोग को और मजबूत बनाने की दिशा में कई महत्वपूर्ण पहल रखीं.
उन्होंने कहा कि पंजाब नई औद्योगिक ऊंचाइयों को छूने के लिए तैयार है और इस प्रक्रिया में जापानी विशेषज्ञता और तकनीक एक बड़े साझेदार के रूप में उभर सकती है. यह पूरा संवाद मार्च 2026 में होने वाले 6वें प्रोग्रेसिव पंजाब इन्वेस्टर समिट की तैयारियों के तहत आयोजित किया गया.
पंजाब-जापान औद्योगिक साझेदारी पर मुख्यमंत्री का जोर
मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने बातचीत में कहा कि पंजाब साहस, नवाचार और उद्यमशीलता की भूमि है और जापानी उद्योग के साथ इसका संबंध लगातार मजबूत हो रहा है. उन्होंने बताया कि राज्य आधुनिक उद्योग, तकनीक और वैश्विक सहयोग को केंद्र में रखते हुए तेजी से आगे बढ़ रहा है. मान ने जापानी कंपनियों को राज्य के औद्योगिक परिवर्तन के अगले चरण में शामिल होने का आमंत्रण दिया और भरोसा जताया कि दोनों पक्षों के साझा मूल्य इस साझेदारी को और मजबूत बनाएंगे.
मुख्यमंत्री ने गिनाए सफल जापानी निवेश
मुख्यमंत्री ने बताया कि पंजाब में कई प्रमुख जापानी कंपनियों ने पहले ही मजबूत उपस्थिति दर्ज की है. ऑटोमोटिव और विनिर्माण क्षेत्र में माज़दा, सुमितोमो, एसएमएल इसुज़ु, यानमार और आइची स्टील जैसी कंपनियां काम कर रही हैं. पैकेजिंग और औद्योगिक उत्पादों में टोपन और ओजी होल्डिंग्स ने अपना स्थान बनाया है, जबकि कंसाई नेरोलैक और निसान केमिकल रसायन क्षेत्र में सक्रिय हैं. उन्होंने कहा कि ये निवेश जापानी उद्योग के भरोसे और पंजाब की क्षमता का प्रमाण हैं.
नवीकरणीय ऊर्जा और नई संभावनाओं पर फोकस
मुख्यमंत्री ने बताया कि नवीकरणीय ऊर्जा में मित्सुई एंड कंपनी राज्य के हरित विकास में योगदान दे रही है. उन्होंने कहा कि पंजाब का भविष्य उन्नत विनिर्माण, गतिशीलता, इलेक्ट्रॉनिक्स, फूड प्रोसेसिंग, नवीकरणीय ऊर्जा और वैश्विक सेवाओं पर केंद्रित है. ये सभी क्षेत्र जापानी विशेषज्ञता से सीधे मेल खाते हैं, जिससे दोनों पक्षों के लिए साझेदारी का दायरा और बढ़ता है. मुख्यमंत्री ने निवेशकों को 2026 में होने वाले इन्वेस्टर समिट में शामिल होने का निमंत्रण भी दिया.
पंजाब को मिला कारोबार सुगमता में पहला स्थान
मुख्यमंत्री मान ने बताया कि पंजाब कारोबार-अनुकूल राज्य के रूप में तेजी से उभर रहा है. बिजनेस रिफॉर्म एक्शन प्लान (BRAP) 2024 में पंजाब देश में पहले स्थान पर रहा है. उन्होंने कहा कि यह उपलब्धि राज्य सरकार की पारदर्शी, त्वरित और निवेशक-हितैषी नीतियों का परिणाम है. पंजाब सरकार नीतिगत स्थिरता और सरल शासन व्यवस्था अपनाकर उद्योगों के साथ साझेदारी को आगे बढ़ा रही है.
निवेशकों को दी आश्वस्ति, मंत्री अरोड़ा ने गिनाए सुधार
कैबिनेट मंत्री संजीव अरोड़ा ने बताया कि फास्टट्रैक पंजाब डिजिटल प्लेटफॉर्म 200 से अधिक कारोबारी सेवाएं उपलब्ध करा रहा है, जिनमें कई ऑटो-डीम्ड मंजूरियां शामिल हैं. उन्होंने कहा कि अब तक राज्य में 1.39 लाख करोड़ रुपए से अधिक का निवेश आया है, जिससे 5.09 लाख नौकरियां बनी हैं. अरोड़ा ने कहा कि 5,000 करोड़ रुपए की लागत से बिजली अवसंरचना को मजबूत किया जा रहा है. जापानी उद्योगपतियों ने भी पंजाब की मानव पूंजी और नीतिगत समर्थन की सराहना की.














