नई दिल्ली: गणेश चतुर्थी का इंतजार अब जल्द खत्म होने वाला है और घरों में गणपति बप्पा के स्वागत की तैयारियां भी शुरू हो गई हैं. अगर इस बार आप पूजा के कोने को खूबसूरत बनाने के साथ पर्यावरण का भी ध्यान रखना चाहते हैं, तो नेचुरल और दोबारा इस्तेमाल होने वाली चीजों से सजावट कर सकते हैं. 2026 में गणेश चतुर्थी 14 सितंबर को मनाई जाएगी और 25 सितंबर को अनंत चतुर्दशी के साथ गणपति उत्सव का समापन होगा.
इस बार गणपति की सजावट में प्लास्टिक और थर्माकोल जैसी चीजों से दूरी बनाकर फूल, पत्तियां, मिट्टी, कपड़े, कागज और लकड़ी जैसी चीजों का इस्तेमाल किया जा सकता है. इससे पूजा की जगह को पारंपरिक और आकर्षक लुक मिलेगा और सजावट के बाद बेकार होने वाले सामान की मात्रा भी कम होगी.
केले के पत्तों से बनाएं खूबसूरत बैकड्रॉप
गणपति की मूर्ति के पीछे केले के बड़े-बड़े पत्तों से हरा-भरा बैकड्रॉप तैयार किया जा सकता है. पत्तों को एक साथ व्यवस्थित करके बीच में गेंदे के फूल, आम की पत्तियों की लड़ियां या फूलों की छोटी मालाएं लगाएं. यह सजावट बेहद प्राकृतिक और पारंपरिक नजर आएगी.
फूलों से तैयार करें खूबसूरत मंडप
गेंदा, गुलाब, कमल और दूसरे ताजे फूलों का इस्तेमाल केवल माला बनाने तक सीमित न रखें. इनसे गणपति के पीछे छोटा फ्रेम, तोरण या फ्लोरल वॉल बनाई जा सकती है. अलग-अलग रंगों के फूलों को मिलाकर सजाने से पूजा स्थल में रंग और खुशबू दोनों का सुंदर एहसास आएगा.
पुराने कपड़ों से बनाएं बैकड्रॉप
घर में रखी पुरानी साड़ी, दुपट्टे या कॉटन के कपड़े को सजावट में नया इस्तेमाल दिया जा सकता है. पीले, लाल, नारंगी, हरे या सुनहरे रंग के कपड़े को पीछे लगाकर उसके चारों ओर फूल और हल्की लाइटिंग सजाएं. इससे पारंपरिक लुक मिलेगा और पूजा के बाद कपड़े को फिर इस्तेमाल किया जा सकेगा.
थर्माकोल की जगह पेपर और कार्डबोर्ड
DIY सजावट पसंद करने वालों के लिए पेपर और कार्डबोर्ड अच्छा विकल्प हैं. इनसे फूल, मोर, आर्च, पत्तियां और दूसरे पारंपरिक डिजाइन बनाए जा सकते हैं. इस काम में बच्चों को भी शामिल किया जा सकता है, जिससे सजावट के साथ परिवार के लिए एक मजेदार एक्टिविटी भी बन जाएगी.
मिट्टी के दीये और सजावटी सामान
सजावट में मिट्टी के दीये, छोटे गमले और हाथ से बने मिट्टी के सजावटी सामान शामिल किए जा सकते हैं. गणपति की मूर्ति के लिए भी प्राकृतिक मिट्टी का विकल्प चुना जा सकता है. इससे पूरी सजावट की थीम एक जैसी और ज्यादा नेचुरल दिखाई देगी.
फूलों की रंगोली से सजाएं घर का दरवाजा
गणपति के स्वागत के लिए फूलों की पंखुड़ियों से रंगोली बनाना आसान और खूबसूरत तरीका है. गेंदे और गुलाब की पंखुड़ियों से पारंपरिक डिजाइन या गणेश जी की आकृति बनाई जा सकती है. इसके अलावा हल्दी और चावल के आटे जैसी घरेलू चीजों से भी प्राकृतिक रंगोली तैयार की जा सकती है.
दीयों और सॉफ्ट लाइटिंग से बढ़ाएं रौनक
पूजा स्थल को सजाने के लिए बहुत ज्यादा चमकदार आर्टिफिशियल डेकोरेशन की जरूरत नहीं है. पीतल या मिट्टी के दीयों के साथ LED या फेयरी लाइट्स लगाई जा सकती हैं. रोशनी को सीधे मूर्ति पर तेज रखने के बजाय आसपास हल्के तरीके से लगाने पर पूरा सेटअप ज्यादा सुंदर लगेगा.
पुराने डेकोरेशन को दें नया अंदाज
हर साल सजावट के लिए नया सामान खरीदना जरूरी नहीं है. पिछले साल के कपड़े, बास्केट, लकड़ी के फ्रेम, फेयरी लाइट्स और दूसरे दोबारा इस्तेमाल होने वाले सामान को नए तरीके से सजाया जा सकता है. थोड़े बदलाव से पुरानी चीजें भी बिल्कुल नई नजर आ सकती हैं.
इको-फ्रेंडली मूर्ति से पूरी करें थीम
अगर सजावट को पर्यावरण के अनुकूल रखना चाहते हैं, तो गणपति की मूर्ति का चुनाव भी उसी हिसाब से करें. प्राकृतिक मिट्टी की मूर्ति के साथ फूल, पत्तियां, मिट्टी के दीये और कॉटन फैब्रिक का इस्तेमाल करने से पूरी थीम खूबसूरत और पारंपरिक लगेगी.












