‘अंधभक्त’ कहकर ट्रोल हुईं ईशा कोपिकर तो खुलकर सामने आईं कंगना रनौत, बोलीं- मैं जिनसे मिलती हूं उनकी भक्त बन जाती हूं

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Kangana Ranaut Support Isha Koppikar
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नई दिल्ली: बॉलीवुड एक्ट्रेस ईशा कोपिकर इन दिनों सोशल मीडिया पर अपने एक बयान को लेकर चर्चा में हैं. उन्हें कुछ यूजर्स ने ‘अंधभक्त’ कहकर ट्रोल किया, जिसके बाद एक्ट्रेस ने इसका खुलकर जवाब दिया. अब बीजेपी सांसद और एक्ट्रेस कंगना रनौत ने भी ईशा के बयान का समर्थन किया है. कंगना ने ईशा का वीडियो अपनी इंस्टाग्राम स्टोरी पर शेयर करते हुए इस मुद्दे पर अपनी राय रखी.

ईशा कोपिकर ने ट्रोलिंग पर क्या कहा?

ईशा कोपिकर ने सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे एक वीडियो में ‘अंधभक्त’ कहे जाने पर अपनी प्रतिक्रिया दी. एक्ट्रेस का कहना है कि अगर देश से प्यार करना और देश के लिए अच्छा सोचना भक्ति कहलाता है, तो उन्हें इस नाम से बुलाए जाने में कोई परेशानी नहीं है.

उन्होंने साफ किया कि वह किसी भी मुद्दे पर आंख बंद करके समर्थन करने में विश्वास नहीं रखतीं. ईशा के मुताबिक, जब देश में कुछ गलत होगा तो वह उसके खिलाफ आवाज उठाएंगी और जब कुछ अच्छा होगा तो उसकी तारीफ भी करेंगी.

पीएम मोदी को लेकर ट्रोल हुई थी ईशा

ईशा की ट्रोलिंग उस समय शुरू हुई जब उन्होंने NEET प्रदर्शन के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ कथित आपत्तिजनक भाषा के इस्तेमाल का विरोध किया था. उन्होंने ऐसे लोगों पर नाराजगी जताई थी और देश के खिलाफ बोलने वालों की आलोचना की थी. इसके बाद सोशल मीडिया पर कुछ यूजर्स ने उन्हें ‘अंधभक्त’ कहना शुरू कर दिया. ईशा ने अब इसी टैग को अपने जवाब के जरिए पलटने की कोशिश की है.

कंगना रनौत ने किया ईशा का समर्थन

कंगना रनौत ने ईशा का वीडियो अपनी इंस्टाग्राम स्टोरी पर साझा किया और उनकी बात से सहमति जताई. उन्होंने अपने अनुभवों का जिक्र करते हुए बताया कि उन्होंने जिंदगी में कई मौकों पर गलत चीजों के खिलाफ आवाज उठाई है.

कंगना ने स्कूल के दिनों का उदाहरण देते हुए बताया कि उन्होंने ऐसे शिक्षक का विरोध किया था, जो असेंबली के दौरान बच्चों को डंडे से मारते थे. उन्होंने 26/11 मुंबई आतंकी हमले और निर्भया कांड के खिलाफ आवाज उठाने का भी जिक्र किया.

कंगना ने कहा कि वह अपने जीवन में जिन लोगों से मिलती हैं, उनसे प्रभावित होती हैं और उनका सम्मान करती हैं. उन्होंने यह भी कहा कि उन्हें अपने देश और देशवासियों से बेहद प्यार है.

देश से प्यार करना ‘भक्ति’ है तो मंजूर है

ईशा और कंगना दोनों के बयानों का मुख्य संदेश यही है कि देश के प्रति प्रेम को किसी राजनीतिक विचारधारा से जोड़कर नहीं देखा जाना चाहिए. ईशा ने भी संकेत दिया कि वह गलत को गलत और सही को सही कहने में विश्वास रखती हैं. 

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