CM Yogi Adityanath Film Controversy: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के जीवन पर बनी फिल्म ‘अजयः द अनटोल्ड स्टोरी ऑफ अ योगी’ की रिलीज को लेकर विवाद बढ़ता जा रहा है. इस फिल्म के मेकर सम्राट सिनेमेटिक्स इंडिया प्राइवेट लिमिटेड ने बॉम्बे हाई कोर्ट का दरवाजा खटखटाया है. उनका आरोप है कि सेंट्रल बोर्ड ऑफ फिल्म सर्टिफिकेशन (CBFC) जानबूझकर फिल्म के सर्टिफिकेशन में देरी कर रहा है.
कोर्ट ने सुनवाई के दौरान कहा कि किसी भी आदेश को जारी करने से पहले जज खुद फिल्म देखेंगे. इस मामले पर अगली सुनवाई 25 अगस्त को होगी.
किस किताब पर आधारित है फिल्म?
फिल्म का निर्माण सम्राट सिनेमेटिक्स ने किया है और यह फिल्म लेखक शांतनु गुप्ता की किताब ‘द मॉन्क हू बिकेम चीफ मिनिस्टर’ पर आधारित बताई जाती है. निर्माता का कहना है कि इस फिल्म का उद्देश्य केवल एक राजनेता के जीवन को दिखाना नहीं है, बल्कि युवाओं को एकता और अखंडता के लिए प्रेरित करना भी है. वहीं, सीएम योगी आदित्यनाथ के कार्यालय ने भी फिल्म पर कोई आपत्ति दर्ज नहीं कराई थी.
प्रोड्यूसर के सीबीएफसी पर आरोप
निर्माताओं का कहना है कि उन्होंने इस साल 5 जून को सीबीएफसी को सर्टिफिकेशन के लिए आवेदन दिया था. नियमों के अनुसार, सात दिनों में आवेदन की स्क्रूटनी होनी चाहिए थी. और 15 दिनों में फिल्म की स्क्रीनिंग तय होनी चाहिए थी. लेकिन महीनों बीत जाने के बाद भी बोर्ड की ओर से कोई कार्रवाई नहीं हुई है. इसके चलते याचिकाकर्ता ने ‘प्रायॉरिटी स्कीम’ के तहत दोबारा आवेदन किया है. 7 जुलाई को स्क्रीनिंग की तारीख तय हुई, लेकिन बाद में इसे रद्द कर दिया गया है.
निर्माता का आरोप है कि सेंसर बोर्ड ने फिल्म के टीजर, ट्रेलर और प्रमोशनल सॉन्ग की रिलीज में भी जानबूझकर देरी की है. जब कोई जवाब नहीं मिला तो उन्हें अदालत का दरवाजा खटखटाना पड़ा. याचिका में कहा गया कि सेंसर बोर्ड का यह रवैया मौलिक अधिकारों का उल्लंघन है.
















