कोलकाता: सप्तमी की शाम जहां पंडाल में मां दुर्गा के दर्शन के लिए श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ी थी, वहीं कुछ ही देर में खुशी का माहौल मातम में बदल गया। उत्तरी कोलकाता के एक दुर्गा पूजा पंडाल में शनिवार शाम भगदड़ मचने से 19 लोगों की जान चली गई और कम से कम 25 अन्य घायल हो गए। मृतकों में 13 महिलाएं और एक बच्चा शामिल हैं। कोलकाता पुलिस के मुताबिक, गिरीश पार्क थाना क्षेत्र में चोरेबागान सर्वजनिन पूजा पंडाल के निकास द्वार पर शाम करीब 7.40 बजे भगदड़ हुई।
बारिश के दौरान पंडाल में आने वाले लोगों की भारी भीड़ इसकी वजह बताई गई है। यह हादसा दस दिन के दुर्गा पूजा उत्सव के सातवें दिन यानी सप्तमी को हुआ। पुलिस ने बयान में बताया कि सभी घायलों को बचाकर मेडिकल कॉलेज और अस्पताल (एमसीएच) ले जाया गया। नियंत्रण कक्ष, अग्निशमन विभाग, कोलकाता पुलिस, आपदा प्रबंधन समूह की टीम, चिकित्सा दल और एम्बुलेंस मौके पर भेजी गईं। अब तक करीब 35 लोगों को अस्पताल ले जाया गया है। पंडाल को आगंतुकों के लिए बंद कर दिया गया है।
चश्मदीद ने बताई आपबीती
एक व्यक्ति की बेटी और पोती को अस्पताल ले जाया गया था। उन्होंने समाचार एजेंसी IANS को बताया कि प्रवेश और निकास, दोनों द्वार बहुत संकरे थे और उस इलाके में रोशनी नहीं थी। उनके मुताबिक, प्रवेश द्वार पर करीब 90 मिनट लंबी कतार लगी थी। बारिश हो रही थी, इसलिए लोग जल्दी अंदर जाना चाहते थे। उन्होंने बताया कि अंधेरे में एक छोटी बच्ची और एक लड़का गिर गए। वे खुद भी गिर पड़े और बहुत डर गए। बच्ची और लड़के के ऊपर कई लोग थे। उनका कहना है कि मौके पर न पुलिस थी, न स्वयंसेवक।
मुख्यमंत्री ने घोषणा को बताया वजह
मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी तुरंत मेडिकल कॉलेज और अस्पताल पहुंचे। उन्होंने संकेत दिया कि सामुदायिक दुर्गा पूजा के आयोजकों की एक घोषणा के कारण आगंतुकों में अफरा-तफरी मच गई, जिससे यह दुखद घटना हुई। हालांकि, हादसे की असली वजह जांच के बाद ही साफ होगी।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने घटना पर दुख जताया और मृतकों के परिवारों के लिए 2 लाख रुपये के मुआवजे की घोषणा की। प्रधानमंत्री कार्यालय की ओर से किए गए पोस्ट में कहा गया कि कोलकाता की भगदड़ बेहद दुखद है। उन्होंने शोक संतप्त परिवारों के प्रति संवेदना जताई और घायलों के जल्द स्वस्थ होने की कामना की। पोस्ट में यह भी बताया गया कि स्थानीय प्रशासन प्रभावितों को हर संभव सहायता दे रहा है।












