बांकेबिहारी मंदिर की गुल्लक में चढ़ावे का नया रिकॉर्ड, ढाई महीने में छह करोड़ के पार पहुंची रकम

0
5

वृंदावन:  ठाकुर बांकेबिहारी के प्रति भक्तों की अटूट आस्था और मंदिर की व्यवस्थाओं में हुए बदलाव का असर अब चढ़ावे के आंकड़ों में भी दिखाई देने लगा है। सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद मंदिर की गुल्लकों से चढ़ावे की रकम में रिकॉर्ड बढ़ोतरी दर्ज की गई है। पिछले ढाई महीने में अब तक खोली गई 29 गुल्लकों से करीब छह करोड़ आठ लाख रुपये की धनराशि मंदिर कोष में जमा हो चुकी है। अभी दो गुल्लक खुलना बाकी हैं। इनसे भी करीब 40 लाख रुपये चढ़ावा मिलने की उम्मीद जताई जा रही है। ऐसे में ढाई महीने का कुल चढ़ावा साढ़े छह करोड़ रुपये के आसपास पहुंचने की संभावना है।

सुप्रीम कोर्ट के निर्देश पर प्रबंधन समिति ने बदली व्यवस्था

दरअसल, ठाकुर बांकेबिहारी मंदिर में व्यवस्थाओं को पारदर्शी और व्यवस्थित बनाने के लिए सुप्रीम कोर्ट के निर्देश पर उच्चाधिकार प्राप्त प्रबंधन समिति का गठन किया गया था। उच्च न्यायालय के सेवानिवृत्त न्यायाधीश अशोक कुमार की अध्यक्षता में गठित समिति ने कार्यभार संभालने के बाद मंदिर की व्यवस्थाओं में कई महत्वपूर्ण बदलाव किए। इनमें चढ़ावे की व्यवस्था को पारदर्शी बनाना भी प्रमुख था। मंदिर की गुल्लकों पर कुछ लोगों के कथित अतिक्रमण और चढ़ावे को लेकर मिल रही शिकायतों के बाद समिति ने इस दिशा में सख्ती शुरू की।

भंडारियों की भूमिका सीमित, नकद चढ़ावा गुल्लक में डालने का आदेश

बीती 25 अगस्त को सुप्रीम कोर्ट ने मंदिर में भंडारियों की संख्या दो निर्धारित करते हुए स्पष्ट निर्देश दिए थे कि भंडारी भक्तों से केवल माला और प्रसाद ही प्राप्त करेंगे। नकद चढ़ावा सीधे मंदिर की गुल्लक में डाला जाएगा। इसके साथ ही गुल्लकों पर अनधिकृत रूप से काबिज लोगों और अवांछनीय तत्वों को हटाने के निर्देशों का भी पालन कराया गया। समिति ने मंदिर परिसर में गुल्लकों के आसपास व्यवस्था को नियंत्रित किया और भंडारियों की भूमिका सीमित कर दी। माना जा रहा है कि इन बदलावों का सीधा असर मंदिर के कोष में जमा होने वाली चढ़ावे की रकम पर पड़ा है।

29 गुल्लकों से मिले 6.08 करोड़ रुपये, दो की गिनती बाकी

इससे पहले ढाई महीने की अवधि में मंदिर की गुल्लकों से सर्वाधिक करीब चार करोड़ 90 लाख रुपये का चढ़ावा प्राप्त हुआ था। इस बार 29 गुल्लकों की गिनती में ही यह आंकड़ा एक करोड़ रुपये से अधिक बढ़ चुका है। दो गुल्लकों की गिनती के बाद नया रिकॉर्ड बनने की उम्मीद है। उच्चाधिकार प्राप्त प्रबंधन समिति के अध्यक्ष अशोक कुमार ने बताया कि मंदिर की गुल्लकों पर कुछ लोगों का अतिक्रमण था। वहीं, भंडारियों को लेकर भी चढ़ावे के संबंध में कई शिकायतें मिली थीं। सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद भंडारियों के चढ़ावा लेने पर प्रतिबंध लगाने और गुल्लकों से अतिक्रमण हटाने का लाभ मंदिर को मिला है। अब तक 29 गुल्लकों से करीब छह करोड़ आठ लाख रुपये मंदिर कोष में जमा हो चुके हैं। दो गुल्लकों की गिनती अभी शेष है।

 

Reported By: Prem Kaushik

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here