हिसार: जिले में रोजगार, प्रवासन, परिवारों की आर्थिक स्थिति और कारोबार से जुड़े आंकड़े जुटाने के लिए राष्ट्रीय सांख्यिकी कार्यालय की ओर से नवंबर माह में विभिन्न सर्वेक्षण किए जाएंगे। भारत सरकार के सांख्यिकी एवं कार्यक्रम कार्यान्वयन मंत्रालय के अंतर्गत कार्यरत एनएसओ का क्षेत्र संकार्य प्रभाग चयनित गांवों और शहरी क्षेत्रों में परिवारों तथा व्यावसायिक प्रतिष्ठानों से संपर्क कर जरूरी जानकारियां एकत्र करेगा।
1950 से जारी प्रक्रिया, नीतियों में मददगार डेटा
यह जानकारी देते हुए विभाग के प्रवक्ता ने बताया कि एनएसओ वर्ष 1950 से देशभर में परिवारों और प्रतिष्ठानों से संबंधित आंकड़े जुटाने का कार्य कर रहा है। इन आंकड़ों के आधार पर केंद्र और राज्य सरकारों को योजनाएं तैयार करने, रोजगार की स्थिति का आकलन करने तथा आर्थिक एवं सामाजिक नीतियों के निर्धारण में मदद मिलती है। वर्तमान में कार्यालय की ओर से आवधिक श्रम बल सर्वेक्षण, प्रवासन सर्वेक्षण, अखिल भारतीय ऋण एवं निवेश सर्वेक्षण और गैर-निगमित क्षेत्र के उद्यमों का वार्षिक सर्वेक्षण सहित कई महत्वपूर्ण सर्वेक्षण किए जा रहे हैं।
चार प्रमुख सर्वेक्षण, शहर और गांवों का चयन
उन्होंने बताया कि नवंबर 2026 में जिले में चार प्रमुख सर्वेक्षणों के तहत चयनित क्षेत्रों से जानकारी जुटाई जाएगी। प्रवासन संबंधी सर्वेक्षण के लिए शहरी क्षेत्र में हिसार तथा ग्रामीण क्षेत्र में गांव चौधरीवास को शामिल किया गया है। गैर-निगमित क्षेत्र के उद्यमों के वार्षिक सर्वेक्षण के तहत ग्रामीण क्षेत्र के गांव काबरेल और बगला तथा शहरी क्षेत्र हिसार में सर्वेक्षण किया जाएगा। आवधिक श्रम बल सर्वेक्षण के लिए हिसार शहर में परिवारों से संपर्क किया जाएगा। वहीं ऋण एवं निवेश सर्वेक्षण के तहत हिसार और गांव सातरोड़ कलां में आंकड़े एकत्र किए जाएंगे।
पूरी तरह गोपनीय रहेगा डेटा, सहयोग की अपील
उन्होंने कहा कि सर्वेक्षण के दौरान परिवारों और व्यावसायिक प्रतिष्ठानों से प्राप्त सभी जानकारियां पूरी तरह गोपनीय रखी जाती हैं। किसी भी रिपोर्ट या प्रकाशित आंकड़े में संबंधित परिवार अथवा प्रतिष्ठान की व्यक्तिगत पहचान उजागर नहीं की जाती। इन सूचनाओं का उपयोग केवल सांख्यिकीय विश्लेषण, विकास योजनाओं और नीतिगत निर्णयों के लिए किया जाता है। उन्होंने जिले के नागरिकों, परिवारों और उद्यमियों से अपील की कि सर्वेक्षण के लिए पहुंचने वाले एनएसओ अधिकारियों को आवश्यक सहयोग दें और सही एवं पूर्ण जानकारी उपलब्ध करवाएं। आमजन का सहयोग ही इन सर्वेक्षणों के आंकड़ों को अधिक विश्वसनीय बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
Reported By: Rimpi Jindal












